Said El Mala पर लिवरपूल की नजरें, विंगर की तलाश जारी
लिवरपूल को विंग फॉरवर्ड की सख्त जरूरत है। मोहम्मद सलाह के जाने के बाद एंडोनी इराओला के नेतृत्व में टीम का पुनर्निर्माण किया जा रहा है और इस गर्मी के ट्रांसफर सीजन में खिलाड़ियों की भर्ती सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा है। इस लिस्ट में सईद एल माला का नाम भी शामिल है, लेकिन इस मामले में सबसे बड़ी अपडेट मर्सीसाइड से नहीं, बल्कि जर्मनी से आ रही है।
Sky Germany के अनुसार, बोरूसिया डॉर्टमुंड अभी भी कोलोन के इस अटैकर को साइन करने को लेकर हिचकिचा रहा है। उनका रुख स्पष्ट है कि क्लब में रुचि तो है, लेकिन पक्का इरादा नहीं है।
लिवरपूल की विंगर खोज और एल माला की भूमिका
लिवरपूल नए विंगर के लिए बाजार में कई विकल्पों को देख रहा है। यान डायमंड अन्य क्लबों की ओर रुख करते दिख रहे हैं, जबकि ब्रैडली बार्कोला को साइन करना महंगा और मुश्किल है। ऐसे में एल माला का नाम यानकुबा मिंटेह और मथियास फर्नांडीज-पार्डो जैसे खिलाड़ियों के साथ चर्चा में है।
19 वर्षीय एल माला का प्रदर्शन पिछले सीजन में शानदार रहा, जहां उन्होंने 36 मैचों में 13 गोल किए और पांच असिस्ट दिए। वे मुख्य रूप से लेफ्ट विंगर हैं, लेकिन केंद्रीय भूमिका और राइट विंग पर भी खेल सकते हैं, जो कि किसी भी टीम के लिए फायदेमंद है।
डॉर्टमुंड का रुख और वित्तीय चुनौतियां
Sky Germany की रिपोर्ट बताती है कि डॉर्टमुंड इस सौदे की सभी शर्तों, वेतन और बोनस से अच्छी तरह वाकिफ है। असली समस्या ट्रांसफर फीस की है। अगर यह पूरा सौदा बोनस सहित 50 मिलियन यूरो तक पहुंचता है, तो क्लब का हिचकिचाना स्वाभाविक है।
एक और महत्वपूर्ण बात यह है कि एल माला स्वयं डॉर्टमुंड जाने के इच्छुक हैं और उनके एजेंट व उनकी मां भी इस रास्ते को प्राथमिकता देते हैं। हालांकि, इन सबके बावजूद, इस सौदे में कोई तेजी नहीं दिख रही है, जो साफ तौर पर वैल्यूएशन से जुड़ी समस्या को दर्शाता है।
ब्रेंटफोर्ड का उदाहरण और भविष्य की रणनीति
एल माला पहले ही ब्रेंटफोर्ड के प्रस्ताव को ठुकरा चुके हैं, जबकि कोलोन के साथ 50 मिलियन यूरो की डील पर सहमति बन गई थी। यह साबित करता है कि खिलाड़ी सही मौके का इंतजार करने के लिए तैयार हैं। यह लिवरपूल जैसे क्लबों के लिए भी संकेत है कि उन्हें खिलाड़ी की प्रतिभा और कीमत दोनों के बीच सही संतुलन खोजना होगा।
फिलहाल यह स्थिति पूरी होने के बजाय निगरानी रखने वाली है। लिवरपूल शायद खिलाड़ी की बहुमुखी प्रतिभा की सराहना करता है, लेकिन अगर डॉर्टमुंड जैसा क्लब इतनी बड़ी निवेश राशि पर संशय में है, तो दूसरों को भी इसी तरह के सवाल उठाने होंगे।
निष्कर्ष
लिवरपूल के नजरिए से देखें तो यह चर्चा करने के लिए एक अच्छा नाम हो सकता है, लेकिन इस पर जल्दबाजी करने की जरूरत नहीं है। खिलाड़ी की उम्र और प्रदर्शन अच्छा है, लेकिन 50 मिलियन यूरो का निवेश बहुत बड़ा है। अगर डॉर्टमुंड इस बाजार को समझने वाला क्लब होकर भी सावधानी बरत रहा है, तो लिवरपूल को भी वैसा ही करना चाहिए।
इराओला को ऐसे अटैकर चाहिए जो दौड़ सकें, दबाव बना सकें और तेजी से निर्णय ले सकें। एल माला निश्चित रूप से प्रतिभाशाली हैं, लेकिन लिवरपूल को तभी आगे बढ़ना चाहिए जब इंटरनल डेटा इसका पूरी तरह समर्थन करे और डील का ढांचा अनुकूल हो। फिलहाल, यह रिपोर्ट सावधानी बरतने का सुझाव देती है और यही इस समय सबसे सही प्रतिक्रिया है।
